तीन महीनों में ही बड़े-बड़े गड्ढे!, Delhi Dehradun Expressway की Viral Video ने उड़ाए होश

Delhi-Dehradun Expressway Video: दिल्ली से देहरादून की की दूरी को 2 से ढाई घंटे में पूरा करने के लिए 14 अप्रैल को दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन किया गया था। अभी इसे खुले हुए तीन महीने भी नहीं हुए है। और अभी से अब इसी नए बने हाईवे पर गड्ढे हो गए है।
जिस दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे को लेकर खूब चमचमाते दावे किए गए थे। उसकी चमक एक ही बरसात में बहकर फीकी पड़ गई है। 12 हजार करोड़ की लागत से बना ये इकॉनोमिक कॉरिडोर बनने के 90 दिन बाद ही अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहा है। सोशल मीडिया पर एक वीडियो काफी तेजी से वायरल हो रहा है जिसने दिल्ली देहरादून इकॉनोमिक कॉरिडोर में हुए भ्रष्टाचार की पोल खोलकर रख दी है।
दिल्ली से देहरादून पहुंचाने वाले एक्सप्रेस-वे पर हुआ गड्ढा Potholes in Delhi Dehradun Expressway
दरअसल 14 अप्रैल को खुद पीएम मोदी दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे के उद्घाटन के लिए देहरादून आए थे। 15 अप्रैल से इसे लोगों के लिए शुरू भी कर दिया था। लेकिन इसी हाईवे की वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। जिसने इस हाईवे की पोल खोल दी है। वीडियो में दो शख्स एक्सप्रेस वें में स्पीड से आने वाली गाड़ियों को दूसरी साइड से जाने का इशारा कर रहे हैं। क्योंकि जहां पर वो खड़े हैं वहां दो बड़े बड़े गड्ढे नजर आ रहे हैं। जिससे किसी का भी ऐक्सीडेंट हो सकता है।
Delhi-Dehradun Expressway Video Viral
वीडियो में एक शख्स ये बोलता भी नजर आ रहा है कि ये ऐक्सप्रेसवे इतना गंदा हो गया है कि मेरे सामने ही 4-5 गाडियां अपना बैलेंस खो चुकी हैं। साथ ही वो शख्स ये भी बताता है कि 2 गाड़ियों के अलॉय व्हील टेढ़े हो चुके हैं। ये शख्स अपनी गाड़ी के अलॉय व्हील भी वीडियो में दिखाता है जो टेढ़े नजर आ रहे हैं।
इकोनॉमिक कॉरिडोर को बताया था इंजीनियरिंग का करिश्मा
अब जैसे ही ये वीडियो सोशल मीडिया में अपलोड हुआ ये वायरल होने लगा। जिसके बाद दिल्ली देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर में हुए भ्रष्टाचार को लेकर चर्चाएं तेज हो गई। जब 14 अप्रैल को जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस दिल्ली देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर का उद्धाटन किया था तब इसे लेकर काफी बड़े बड़े दावे हुए थे। इस इकोनॉमिक कॉरिडोर को इंजीनियरिंग का करिश्मा भी बताया गया था।
12000 करोड़ की लागत से बना है दिल्ली देहरादून एक्सप्रेस-वे
212 किलोमीटर लंबे इस ऐक्सप्रेसवे को लेकर दावा किया गया था कि ये उत्तराखंड की आर्थिकी को नई रफतार देने वाला है। जिससे पर्यटन बढ़ेगा रोजगार के नए रास्ते खुलेगें साथ ही 6 घंटों का सफर सिर्फ ढाई घंटे का हो जाएगा। यहां तक कि 12000 करोड़ की लागत से तैयार इस प्रोजेक्ट को देश के इंफ्रास्ट्रक्चर का गर्व तक कहा गया था।
भष्ट्राचार की भेंट चढ़ा दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे!
लेकिन ये एक्सप्रेस-वे आज अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहा है। जिस सड़क को दशकों तक टिकना था उसके हाल 90 दिन में ही ऐसे हो चुके हैं। पहली ही बरसात के बाद ही बड़े-बड़े दावों का बोझ संभाले ये एक्सप्रेसवे क्षतिग्रस्त होता नजर आ रहा है। दिल्ली देहरादून इकॉनोमिक कॉरिडोर में हुए ये गड्डे भ्रष्टाचार और गुणवत्ताहीन कंस्ट्रक्शन की तरफ इशारा कर रहा है।