लिव इन पार्टनर के किए 35 टुकड़े, एक-एक कर लगाया ठिकाने, पढ़िए रूह कंपाने वाली स्टोरी

shraddha murder case

एक शख्स शादी का झांसा देकर कॉल सेंटर में काम करने वाली महिला सहकर्मी को मुम्बई से दिल्ली लेकर आ गया। उसके साथ पहले लिव इन में रहा। जब महिला ने शादी का दबाव बनाया तो युवक ने उसका गला घोंटकर हत्या कर शव के कई टुकड़े कर दिए। फिर हर रात को उसने उन्हें दिल्ली के अलग-अलग स्ािानों पर फेंक कर ठिकाने लगाया। घटना के करीब पांच महीने बाद वारदात का खुलासा होने पर पुलिस ने आरोपी आफताब अमीन पूनावाला को गिरफ्तार कर लिया है।

दिल्ली में करीब पांच महीने पहले अपनी 26 वर्षीय लिव-इन पार्टनर श्रद्धा वाकर की हत्या कर दी गई थी। फिर शव को गायब करने का आरोपी आफताब अमीन पूनावाला को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी आफताब पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है और श्रद्धा के शव तलाश की जा रही है। जानकारी के मुताबिक, आफताब ने श्रद्धा की हत्या कर उसकी शव के 35 टुकड़े किये थे। इन टुकड़ों को दिल्ली के अलग अलग स्थानों पर फेंक दिया गया। इसके लिए वह हर रात के दो बजे घर से निकलता था और एक दो टुकड़ों को ठिकाने लगाता रहा। इस काम में उसे करीब 18 दिन लग गए।

पुलिस के मुताबिक 59 वर्षीय विकास मदान वाकर ने आठ नम्वबर को अपनी बेटी के अपहरण की एफआईआर दिल्ली के महरौली थाने में दर्ज कराई थी। पीड़ित ने बताया कि वह परिवार सहित महाराष्ट्र के पालघर में रहते हैं। पीड़ित की 26 वर्षीय बेटी श्रद्धा वाकर मुम्बई के मलाड इलाके में स्थित बहुराष्ट्रीय कम्पनी के कॉल सेंटर में नौकरी करती थी। यहीं पर श्रद्धा की मुलाकात आफताब अमीन से हुई। जल्द ही दोनों एक दूसरे को पसंद करने लगे और वे लिव-इन रिलेशन में रहने लगे। जब परिवार को इस रिश्ते के बारे में जानकारी हुई तो उन्होंने विरोध करना शुरू कर दिया।

पुलिस के मुताबिक, आरोपी आफताब ने बताया कि शादी करने को लेकर अक्सर श्रद्धा उस पर दबाव बनाती थी। इसी पर दोनों में झगड़ा होता था। बीती 18 मई को झगड़े के दौरान उसने श्रद्धा की गला घोंटकर हत्या कर दी। इसके बाद शव को चापड़ से कई टुकड़ों में काटा और दिल्ली के अलग अलग स्थानों में फेंक दिया। उसने शव को रखने के लिए एक बड़ा फ्रिज लेकर रखा था। उसने यह भी माना कि वह 18 दिन तक शव के टुकड़ों को अलग-अलग जगहों पर जाकर ठिकाने लगाता रहा।

26 साल की श्रद्धा वाकर मुंबई के एक मल्टीनेशनल कंपनी में कॉल सेंटर में काम करती थी। वहीं श्रद्धा की आफताब अमीन से मुलाक़ात हुई। फिर दोनों एक दूसरे को पसंद करने लगे और वे लिव-इन रिलेशन में रहने लगे। जब परिवार को इस रिश्ते के बारे में जानकारी हुई तो उन्होंने विरोध करना शुरू कर दिया। इस विरोध के बाद श्रद्धा और आफताब ने अचानक मुम्बई को छोड़ दिया था। इसके बाद वो महरौली के छतरपुर इलाके में रहने लगे, लेकिन इसी बीच श्रद्धा का फोन नम्बर बन्द आने लगा।

श्रद्धा वाकर के पिता ने बताया कि वह परिवार सहित महाराष्ट्र के पालघर में रहते हैं। जब वे आठ नवंबर को छतरपुर स्थित श्रद्धा के फ्लैट पर पहुंचे। उस फ्लेट को बेटी ने किराये पर ले रखा था। फ्लैट के दरवाजे पर ताला बंद मिला। फिर उन्होंने महरौली थाने में पहुंचकर पुलिस को एफआईआर दर्ज कराई। पुलिस ने बीती शनिवार को आफताब पकड़ लिया। कड़ी पूछताछ में इस हत्या का खुलासा हुआ।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here