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उत्तराखंड में 500 करोड़ से हुई सरकार गिराने की साजिश, क्या अब होगी जांच ?

गैरसैंण में चले मानसून सत्र के दूसरे दिन सदन में भ्रष्टाचार का विषय उठाते हुए निर्दलीय विधायक उमेश कुमार ने सनसनीखेज खुलासा किया था। जिसमें उन्होने गुप्ता बंधुओं पर प्रदेश सरकार को गिराने की साजिश का आरोप लगाया। उनका कहना था कि इसके लिए गुप्ता बंधु 400 से 500 करोड़ रुपए खर्च करने को तैयार हैं। विधायक के इस बयान को लेकर जहां सियासत गरमा गई है तो वहीं विधायक पर भी सवाल उठने लगे हैं। इसको लेकर अब पूर्व सीएम निशंक का बयान सामने आया है। जिसके बाद सवाल उठ रहे हैं कि क्या इस मामले में सरकार जांच कराएगी ?

उत्तराखंड में 500 करोड़ से हुई सरकार गिराने की साजिश

मानसून सत्र में निर्दलीय विधायक ने 500 करोड़ रुपए से उत्तराखंड की सरकार गिराने की साजिश की बात कही थी। जिसके बाद से इसको लेकर चर्चाओं के बाजार गर्म हैं। इस पर पूर्व सीएम रमेश पोखरियाल निशंक का बयान भी सामने आया है। उनका कहना है कि विधानसभा में हर बात गंभीरता से होनी चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने कहा है कि अगर निर्दलीय विधायक ने आरोप लगाए हैं को आरोप सिद्ध भी होने चाहिए।

निर्दलीय विधायक ने किस आधार पर कही बात ?

पूर्व सीएम निशंक के इस बयान के सामने आते ही मामला और भी गंभीर होता जा रहा है। क्योंकि अमूमन निशंक का बयान गंभीर मसलों पर ही देखा जाता है। दिल्ली दौड़ के दौरान सियासी गलियारों में सरकार बदलने की चर्चाओं ने भी जोर पकड़ा था। इसके ठीक बाद सत्र के दौरान विधायक उमेश कुमार का ये कहना कि सरकार गिराने की तैयारी की जा रही थी। ऐसे में कई सवाल उठने लगे हैं कि आखिर सरकार बदलने की चर्चाएं कहां से शुरु हुई ? विधायक किस आधार पर ये सब बाते कह रहे हैं। जिसका सबूत निशंक भी मांग रहे हैं।

क्या कराई जाएगी इसकी जांच ?

पूर्व सीएम के बयान के बाद अब इस बात को लेकर सवाल उठने लगे हैं कि क्या उत्तराखंड में 500 करोड़ से सरकार गिराने की कोशिश की जांच कराई जाएगी। पूर्व सीएम निशंक उत्तराखंड बीजेपी के दिग्गज चेहरों में से एक हैं। इसके साथ ही संगठन में भी उनका कद काफी बड़ा है। क्या ऐसे में उनकी मांग पर इस मामले की जांच कराई जाएगी ?

Yogita Bisht

योगिता बिष्ट उत्तराखंड की युवा पत्रकार हैं और राजनीतिक और सामाजिक हलचलों पर पैनी नजर रखती हैंं। योगिता को डिजिटल मीडिया में कंटेंट क्रिएशन का खासा अनुभव है।
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