
केंद्रीय जांच एजेंसी की टीम ने हल्द्वानी के बनभूलपुरा में बिलाली मस्जिद के मौलाना मोहम्मद आसिम कासमी और उनके एक सहयोगी को हिरासत में लेकर कई घंटों तक पूछताछ की। पूछताछ के बाद देर रात दोनों को रिहा कर दिया गया। हालांकि जांच टीम ने मौलाना का मोबाइल फोन और लैपटॉप अपने कब्जे में ले लिया है।
मौलाना और उनके साथी का देश विरोधी संगठनों से संपर्क होने का संदेह
सूत्रों के अनुसार मौलाना पर देश विरोधी संगठनों से संपर्क होने का संदेह था, जिसके आधार पर शुक्रवार देर रात दोनों को हिरासत में लिया गया था। जांच एजेंसी की टीमें रात भर उनसे पूछताछ करती रहीं और कई तकनीकी डेटा की जानकारी भी ली गई। सूत्रों का कहना है कि एजेंसी डिजिटल डेटा और संभावित संपर्कों की गहन जांच कर रही है, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी।
पूछताछ के लिए दोबारा बुला सकती है जांच एजेंसी
पूछताछ के बाद बाहर आने पर मौलाना मोहम्मद आसिम कासमी ने स्वीकार किया कि उनसे पूछ्ताछ हुई है, हालांकि उन्होंने किसी भी गलत गतिविधि से खुद को अलग बताया। एजेंसी ने यह भी संकेत दिए हैं कि जांच आवश्यकता पड़ने पर मौलाना और उनके सहयोगी को दोबारा पूछताछ के लिए बुलाया जा सकता है।
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