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क्या बिरयानी के बाद तरबूज खाने से हो सकती है मौत? खाने से पहले सुन लें डॉक्टर की बात Watermelon After Biryani

Is Eating Watermelon After Biryani Dangerous: क्या बिरयानी के बाद तरबूज खाने से व्यक्ति की मौत हो सकती है? हाल ही में मुंबई के एक हसते-खेलते परिवार की दर्दनाक मौत हो गई। रिपोर्ट्स की माते तो परिवार ने रात में डिनर के समय बिरयानी खाई। उसके बाद पति-पत्नी और उनकी 2 बेटियों ने तरबूज खा लिया। इसी के बाद से सभी की तबीयत बिगड़ने लगी। उल्टी और दस्त हुए। जिससे सुबह तक उनकी हालत गंभीर हो गई। एक-एक कर सभी की मौत हो गई।

मुंबई में बिरयानी के बाद तरबूज खाने से गई परिवार की जान Is Eating Watermelon After Biryani Dangerous

मुंबई से सामने आई इस दर्दनाक घटना ने सोशल मीडिया पर बहस छेड़ दी है। इस मामले ने तरबूज को लेकर लोगों के मन में कई सवाल खड़े कर दिए हैं। हर कोई जानना चाहता है कि क्या तरबूज खाने से किसी की मौत हो सकती है। वैसे तो इस मामले की फाइनल रिपोर्ट आनी अभी बाकी है। क्या किसी ने जहर दिया था? क्या कोई केमिकल था? हालांकि इसी को लेकर सोशल मीडिया पर डॉ. रवि गोडसे ने एक वीडियो साझा की है। जिसमें उन्होंने परिवार की मौत की वजह बताई है।

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क्यों गई जान?, डॉ. रवि गोडसे ने बताई वजह

रवि गोडसे बताते है कि मुंबई में चिकन बिरयानी के बाद तरबूज खाने से चार लोगों की जान चली गई। हालांकि ये चिकन बिरयानी से मौत नहीं हो सकती है। ऐसा इसलिए क्योंकि चिकन दूसरे लोगों ने भी खाया था। साथ ही चिकन को धो कर अच्छी तरह से उबाला और पकाया जाता है। अगर उसमें कोई बैक्टीरिया टॉक्सिन होंगे भी तो वो उसी समय नष्ट हो जाते है।

मौत की वजह स्टैफिलोकोकस ऑरियस (Staphylococcus aureus) बैक्टीरिया?

डॉक्टर रवि गोडसे ने कहा कि परिवार की मौत की वजह स्टैफिलोकोकस ऑरियस (Staphylococcus aureus) बैक्टीरिया हो सकती है। ये बैक्टीरिया प्री-फॉर्म टॉक्सिन (Pre-formed Toxins) बनाता है। ये बॉडी में विष पैदा करता है। जो कि Food Poisoning का एक मेन कारण है।

तरबूज को खाने से पहले इन चीजों का रखें ध्यान

उन्होंने तरबूज को खाने से पहले क्या करना चाहिए, उसपर भी बात की है। डॉक्टर रवि गोडसे ने बताया कि

  • तरबूज को काटने से पहले उसके अच्छी तरह से साफ कर लो।
  • तरबूज को बहते पानी के नीचे रखो।
  • काटने वाली छुरी को भी अच्छे से साफ कर लें।
  • कटे तरबूज को एक घंटे के अंदर फ्रिज में रखें।
  • एक दिन से ज्यादा तरबूज को स्टोर करके ना रखें।
  • हो सके तो उसे एक दिन में ही खाए।

फलों में डालते है लाल रंग

कुछ लोग फलों में लाल रंग के लिए केमिकल डालते है इसके लिए:-

  • वॉटर मेलन का एक तुकड़ा पानी में डालकर देखें।
  • या फिर टिशू पेपर से चेक करें।

Uma Kothari

उत्तराखंड की डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय उमा कोठारी खबर उत्तराखंड (khabaruttarakhand.com) में बतौर पत्रकार कार्यरत हैं। वे राजनीति, मनोरंजन, खेल और ट्रेंडिंग विषयों पर गहन और तथ्यपरक खबरें लिखती हैं। उत्तराखंड के स्थानीय और राष्ट्रीय मुद्दों पर इनकी पकड़ मजबूत है। डिजिटल मीडिया में इनका अनुभव पाठकों को सटीक, संतुलित और समय पर जानकारी देने में सहायक है। उत्तराखंड | खबर उत्तराखंड
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