उत्तराखंड में कमजोर हुआ कांग्रेस संगठन!, हरक सिंह रावत को बताया BJP का एजेंट

उत्तराखंड कांग्रेस की सियासी उलझन सुलझने के बजाए और उलझ रही है। हरीश रावत के करीबी संजय नेगी की पार्टी में नो एंट्री से नेताओं में शुरू हुआ घमासान थमने का नाम ही नहीं ले रहा है। अब पार्टी में एक धड़ा चुनाव प्रबंधन समिति के अध्यक्ष हरक सिंह रावत को ना सिर्फ शक की निगाहों से देख रहा है। बल्कि ये बताने की कोशिश कर रहा है कि हरक सिंह रावत कांग्रेस में BJP के एजेंट हैं।
उत्तराखंड में कमजोर हुआ कांग्रेस संगठन
दरअसल ये पूरा वाक्या हरक सिंह रावत के पूर्व सीएम हरीश रावत को लेकर दिए गए बयान से शुरू हुआ है। जिसमें हरक ने हरदा के राजनीतिक सन्यास को तो कुबूल कर लिया। लेकिन इस बात को नहीं कि हरीश रावत 2027 में कांग्रेस की वापसी का रास्ता तय करेंगे।
कांग्रेस विधाताक ने हरक सिंह रावत को बताया BJP का एजेंट
हरक सिंह रावत के इस बयान के बाद पार्टी में असंतोष और गहराता जा रहा है। धारचूला से कांग्रेस विधायक हरीश धामी तो खुलकर हरक सिंह रावत पर निशाना साधा रहे हैं। धामी ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर 2016 के राजनीतिक घटनाक्रम का जिक्र करते हुए कहा कि हरक सिंह रावत वही नेता हैं, जिन्होंने उस समय कांग्रेस के कुछ विधायकों को बीजेपी में शामिल कराकर सरकार को अस्थिर करने में भूमिका निभाई थी, देवभूमि में दलबदल का महापाप किया था। वो नेता दोबारा पार्टी के साथ विश्वासघात कर सकता है।
हरीश धामी ने किया हरक सिंह रावत का पुराना वीडियो
विधायक हरीश धामी ने हरदा के समर्थकों से सामूहिक इस्तीफे की मांग कर दिल्ली में बैठे नेताओं के माथे पर बल डाल दिया है। हरीश धामी ने हरक का पुराने वीडियो पोस्ट किया है। जिसमें हरक सिंह रावत बीजेपी का खून अपनी रगो में दौड़ने की बात कहते हुए नजर आ रहे हैं। धामी से पहले पूर्व सांसद प्रदीप टम्टा और रणजीत रावत भी हरीश रावत के समर्थन में अपनी बात रख चुकें हैं।