रुद्रप्रयाग से दो बार के विधायक, जानें कौन हैं अधिकारियों को पाठ पढ़ाने वाले Bharat Chaudhary

Uttarakhand Cabinet Expansion Minister Bharat Chaudhary Profile: आज उत्तराखंड में धामी कैबिनेट (CM Dhami Cabinet) का विस्तार हुआ है। धामी मंत्रिमंडल में पांच नए मंत्रियों की एंट्री हुई है। इन 5 विधायकों में रुद्रप्रयाग से विधायक भरत सिंह चौधरी (Bharat Singh Chaudhary ) ने भी मंत्री पद की शपथ ली है। चलिए उनके राजनितिक सफर के बारे में जान लेते है।

कौन है Who is Cabinet Minister Bharat Chaudhary
मंत्रिमंडल विस्तार में रुद्रप्रयाग से विधायक भरत सिंह चौधरी शपथ ग्रहण समारोह में संस्कृत भाषा में पद शपथ ली। मूल रूप से विधायक रुद्रप्रयाग जिले के मवाना घोलतीर क्षेत्र के रहने वाले है।
राजनीतिक करियर की बात करें तो उनका सफर जमीनी स्तर से शुरू हुआ है। यो उन्हें बाकी नेताओं से अलग बनाता है। उन्होंने राजनीति में अपने सफर की शुरुआत ग्राम पंचायत मवाना के प्रधान पद से की। लगातार जनसेवा के कामों से उन्होंने अपनी अलग पहचान और मजबूती बनाई। क्षेत्रीय राजनीति में उनकी सक्रिय भूमिका रही।
रुद्रप्रयाग से दो बार के विधायक Bharat Chaudhary Political Career
अपने राजनीतिक करियर में विधानसभा चुनावों में उन्होंने कई बार अपना हाथ अजमाया। लेकिन उन्हें भारतीय जनता पार्टी का हाथ थामने के बाद सफलता मिली। साल 2017 में उन्होंने पहली बार पार्टी के टिकट से विधानसभा चुनाव लड़ा और रुद्रप्रयाग सीट से जीत हासिल की। साल 2022 में भी लगातार दूसरी बार वो विधायक चुने गए।
जमीनी और मिलनसार नेता भरत सिंह चौधरी
दो बार लगातार विधायक चुने जाने के बाद पहली बार उन्हें कैबिनेट मंत्री बनने का मौका मिला। ये उनके जनसेवा और संघर्ष का परिणाम माना जा रहा है। उनकी छवि एक सरल मिलनसार नेता की रही है। इस बार मंत्रिमंडल विस्तार में सामाजिक और क्षेत्रीय संतुलन बनाने का प्रयास किया है। इस बार हरिद्वार जिले को दो कैबिनेट मंत्री मिले हैं।
विवादित बयान से बटोर चुके सुर्खियां
इसी साल भरत सिंह चौधरी अपने विवादित बयान के चलते सुर्खियों में आए थे। एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने अधिकारियों के साथ अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया था। इसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। दरअसल रुद्रप्रयाग जनपद के बड़मा पट्टी में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कहा था कि “जो अधिकारी नहीं सुनेगा, वो भरत सिंह चौधरी के जूते की सुनेगा…।”