Bjp UttarakhandHarish RawatHighlightPauri Garhwal NewsPritam SinghPushkar Singh Dhami​Trivendra Singh RawatUttarakhand Congress

उत्तराखंड : जहां से पूर्व CM और कैबिनेट मंत्री, वहां के अस्पताल में नहीं बिजली

cabinet minister uttarakhand
पौड़ी: राज्य में सरकार भले ही स्वास्थ्य सेवाओं के बेहतर होने के कितने ही दावे कर ले, लेकिन हालात कुछ और ही बयां करते हैं। कुछ ऐसा ही हाल पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत और कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज के गृह क्षेत्र के अस्पताल का भी है। अस्पताल में बिजली गुल है। ऐसे में सवाल यह है कि जिस अस्तपताल में बिजली ही नहीं, वहां इलाज कैसे होता होगा। बिजली बिल जमा नहीं होने से ऊर्जा निगम ने कनेक्शन काट दिया।

जानकारी के अनुसार पिछले आठ महीने से बिजली का बिल जमा नहीं किया गया था। अस्पताल का बिल करीब एक लाख 19 हजार है। बिल जमा नहीं किया गया तो, 22 फरवरी को अस्पताल का कनेक्शन काट दिया गया। चौबट्टाखाल विधानसभा के सतपुली तहसील सतपुली के अंतर्गत राजकीय संयुक्त चिकित्सालय सतपुली की ओर से बिजली का बिल भुकतान न करने पर सतपुली ने बिजली का कनेक्शन काट दिया।

अस्पताल में बिजली न होने के कारण अस्पताल में स्वास्थ्य सुविधाएं पटरी से उतर गई हैं। अस्पताल में ना तो पैथोलॉजी लैब काम कर रही है और ना ही अल्ट्रासाउंड मशीन। जिसके लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ गया है। संयुक्त अस्पताल सतपुली चिकित्सा अधिकारी डॉ. अश्वनी कुमार का कहना है कि लाइट न होने से पैथोलॉजी, अल्ट्रासाउंड नहीं हो पा रहे हैं। वहीं, डिलीवरी के केस भी रेफर करने पड़ रहे हैं। कोरोना वैक्सीन किसी दूसरी जगह कोल्ड चेन में रखवाई गई है, किसी तरह लोगों को वैक्सीन लगाई जा रही है।

ऊर्जा निगम के सतपुली सहायक अभियंता मुकेश कुमार ने बताया कि संयुक्त अस्पताल सतपुली ने पिछले 8 माह से बिल जमा नहीं कराया है। बिल जमा होने पर अस्पताल का कनेक्शन दोबारा से जोड़ दिया जायेगा। एसीएमओ पौड़ी डॉ. कमलेश भारती ने कहा कि मामला उनके संज्ञान में अभी आया है। जल्द ही विद्युत विभाग से बात कर अस्पताल में फिर से विद्युतव्यवस्था को बहाल कर दिया जायेगा, जिससे कि स्वास्थ्य सुविधाएं सुचारू रूप से प्रदान की जा सके। वहीं स्थानीय लोगों ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द अस्पताल में बिजली को बहाल किया जाए, ताकि मरीजों को हो रही परेशानी को दूर किया जा सके।

Back to top button
उत्तराखंड की हर खबर
सबसे पहले पाने के लिए!
📱 WhatsApp ग्रुप से जुड़ें