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Monkey Pox : मंकी पॉक्स को लेकर उत्तराखंड में भी अलर्ट, स्वास्थ्य विभाग ने सावधानी बरतने के दिए निर्देश

मंकी पॉक्स को लेकर दुनिया के कई देशों में अलर्ट जारी कर दिया गया है। दुनिया के विभिन्न देशों में इसके मामले सामने आने के बाद से विश्व स्वास्थ्य संगठन ने भारत में भी इसके संक्रमण की आशंका जताई है। जिसके चलते स्वास्थ्य महकमा अलर्ट हो गया है। उत्तराखंड में भी इसे लेकर अलर्ट जारी किया गया है।

मंकी पॉक्स को लेकर उत्तराखंड में भी अलर्ट जारी

पड़ोसी देश पाकिस्तान में मंकी पॉक्स के मामले मिलने के बाद से भारत में भी इसे लेकर एतियात बरती जा रही है। उत्तराखंड में भीस्वास्थ्य विभाग द्वारा मंकी पॉक्स को लेकर अलर्ट जारी किया है। अब तक उत्तराखंड में मंकी पॉक्स का कोई मामला सामने नहीं आया है। लेकिन स्वास्थ्य विभाग ने सभी सीएमओ को निगरानी और एहतियात बरतने के निर्देश दिए हैं।

क्या है मंकी पॉक्स ?

बता दें कि मंकी पॉक्स जूनोटिक बीमारी है। बता दें कि मंकीपॉक्स संक्रमित व्यक्ति में सामान्यतः बुखार, चकत्ते और लिम्फ नोड्स में सूजन पाई जाती है। इस से पीड़ित व्यक्ति के शरीर में लाल-लाल चकत्ते हो जाते हैं। इसके लक्षण दो से चार सप्ताह में खुद ही ठीक हो जाे हैं। बता दें कि मंकी-पॉक्स वायरस का संक्रमण पशु से मनुष्य में फैलता है। इसके साथ ही ये मनुष्य से मनुष्य में फैल सकता है।

मंकी पॉक्स के लक्षण

  • सिर दर्द होना,
  • पीठ दर्द होना,
  • मांसपेशियों में दर्द होना
  • बुखार आना,
  • सिर में सूजन होना,
  • बुखार उतरने के बाद शरीर में चकत्ते आना

मंकी पॉक्स से बचाव के उपाय

  • संक्रमित व्यक्ति से दूरी बनाए रखें।
  • संक्रमित व्यक्ति का सामान यूज ना करें।
  • साफ-सफाई का ध्यान रखें

Yogita Bisht

योगिता बिष्ट उत्तराखंड की युवा पत्रकार हैं और राजनीतिक और सामाजिक हलचलों पर पैनी नजर रखती हैंं। योगिता को डिजिटल मीडिया में कंटेंट क्रिएशन का खासा अनुभव है।
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