
देहरादून : उत्तर प्रदेश, दिल्ली, कर्नाटक सहित कई अन्य राज्यों पर नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ प्रदर्शन हो रहा रहा है. कई लोग इसके समर्थन में भी हैं. वहीं शांति व्यवस्था बनाए रखने और सुरक्षा को देखते हुए उत्तराखंड में हाई अलर्ट जारी किया गया है. पुलिस कर्मियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं और हरिद्वार में धारा 144 लागू कर दी गई है.
भाजपा लगातार विपक्ष पर कानून के खिलाफ देश की जनता को गुमराह करने का आरोप लगा रही है तो विपक्ष भाजपा सरकार पर आरोप लगा रहा है. वहीं एक विशेष समुदायों पर भी आरोप लगाया जा रहा है और देश मे माहौल खराब करने की कोशिश की जा रही है जिन पर पुलिस की पैनी नजर हैं और खूफिया विभाग भी अलर्ट है.
पीएम मोदी से की अपील, मुस्लिम समुदाय इससे भयभीत
वहीं इस बीच उत्तराखंड से एक मुस्लिम पार्षद अफताब आलम ने पीएम मोदी और गृहमंत्री अमित शाह से ऐसी अपील की है कि हर कोई उनकी तारीफ कर रहा है. उन्होंने एक वीडियो जारी कर कहा कि देशजल रहा है ये एक गलत सोच और गलत नजरिए के कारण है. एक वर्ग समझ रहा है कि ये मेरी जीत है तो वहीं एक वर्ग को लग रहा है कि ये मेरी हार है. मुस्लिम समुदाय को लग रहा है कि हम हार गए हैं औऱ सीएए के कारण अब एनआरसी लगेगी और हमारी नागरिकता खतरे में आ जाएगी ऐसे लोगों को प्रेजेंट किया जा रहा है जिसमे हमारी भी गलती है. सोशल मीडिया पर इसे भाजपा औऱ हिंदू की जीत करके दिखाया जा रहा है जिससे मुस्लिम समुदाय भयभीत है.
इस वार्ड से भाजपा के पहले पार्षद चुने गए थे अफताब आलम
बता दें कि देहरादून में मुस्लिम बहुल वार्ड 77 में भाजपा ने पहली जीत दर्ज कर इतिहास रचा था. अफताब आलम वहां से पार्षद चुने गए हैं. बता दें अभी तक निगम चुनावों में इस क्षेत्र से कांग्रेस जीतती आई थी या निर्दलीय। वार्ड 77 माजरा में वोटरों की संख्या 6500 है। इनमें से 4500 से अधिक मुस्लिम मतदाता हैं। आज तक इस सीट पर भाजपा के चुनाव चिन्ह पर कोई मुस्लिम प्रत्याशी नहीं जीता था। लेकिन भाजपा के सह मीडिया प्रभारी शादाब शम्स के भाई आफताब आलम को पहली बार भाजपा ने इस वार्ड में प्रत्याशी बनाया।