Big NewsUttarakhand

दिल्ली में आज होने वाले सम्मेलन में गरमाएगा जोशीमठ का मुद्दा, राज्य ने केंद्र से की दो हजार करोड़ रुपए की मांग

राज्य सरकार ने केंद्र सरकार से जोशीमठ आपदा के प्रभावितों के पुनर्वास, विस्थापन और नई अवस्थापना के लिए केंद्र सरकार के 2000 करोड़ रुपए का राहत पैकेज मांगा है। राज्य सरकार की ओर से इसका प्रस्ताव पीएमओ को भेज दिया गया है। दिल्ली में आज से शुरू होने वाले सम्मेलन में जोशीमठ भू-धंसाव के मुद्दे पर भी चर्चा होगी।

तुर्की में आए भूकंप के बाद आपदा जोखिम कम करने के लिए नई दिल्ली होने जा रहा है सम्मेलन

तुर्की में आए भूकंप के बाद आपदा जोखिम कम करने के लिए नई दिल्ली में दो दिवसीय सम्मेलन होने जा रहा है। इस सम्मेलन की शुरूआत शुक्रवार को होगी। इस सम्मेलन में जोशीमठ भू-धंसाव के मुद्दे पर भी चर्चा होगी। मिली जानकारी के मुताबिक सम्मेलन की अध्यक्षता केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह कर सकते हैं।

राज्य सरकार ने केंद्र से की दो हजार करोड़ रुपये की मांग

जोशीमठ भू-धंसाव पर आज इस सम्मेलन में चर्चा होगी। राज्य सरकार ने जोशीमठ आपदा के प्रभावितों के पुनर्वास, विस्थापन और नई अवस्थापना के लिए केंद्र सरकार के 2000 करोड़ रुपए का राहत पैकेज की मांग की है। मिली जानकारी के मुताबिक दो हजार करोड़ के राहत पैकेज के प्रस्ताव को जल्द ही स्वीकृति मिल सकती है।

मिली जानकारी के मुताबिक पिछले दिनों हुई प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक में राहत पैकेज का प्रस्ताव चर्चा के बाद पीएमओ को भेजे जाने पर सहमति बनी थी। इसके बाद यह प्रस्ताव सचिव आपदा प्रबंधन के माध्यम से केंद्र सरकार को भेज दिया गया है।

आज दिल्ली में सम्मेलन में गरमा सकता है जोशीमठ का मुद्दा

दिल्ली में आज तुर्की में आए भूकंप के बाद आपदा जोखिम कम करने के लिए सम्मेलन होने जा रहा है। जिसमें कि जोशीमठ का मुद्दा गरमाएगा। इस सम्मेलन में राज्य की ओर से मुख्यमंत्री के प्रतिनिधि के तौर पर कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल सम्मेलन में शामिल होंगे। इसके साथ ही सचिव आपदा प्रबंधन डॉ. रंजीत सिन्हा भी सम्मेलन में शिरकत करेंगे।

Yogita Bisht

योगिता बिष्ट उत्तराखंड की युवा पत्रकार हैं और राजनीतिक और सामाजिक हलचलों पर पैनी नजर रखती हैंं। योगिता को डिजिटल मीडिया में कंटेंट क्रिएशन का खासा अनुभव है।
Back to top button