जल जीवन मिशन में लापरवाही बर्दाश्त नहीं, डीएम बोले, हर ग्रामीण परिवार तक जल पहुंचाना प्राथमिकता

रुद्रप्रयाग के डीएम विशाल मिश्रा ने मंगलवार को जिला सभागार में जल जीवन मिशन की विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में संबंधित विभागीय अधिकारियों की उपस्थिति में मिशन के अंतर्गत चल रहे कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता और समयबद्ध क्रियान्वयन पर विस्तार से चर्चा की गई।
DM ने की जल जीवन मिशन की प्रगति की समीक्षा
जिलाधिकारी ने विभागीयअधिकारियों से जल जीवन मिशन के तहत अब तक की प्रोग्रेस रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा है। डीएम ने विशेष रूप से एफएचटीसी अचीवमेंट प्रोग्राम की प्रगति के संबंध में जानकारी ली और लक्ष्य के अनुरूप शत-प्रतिशत उपलब्धि सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि हर ग्रामीण परिवार तक जल पहुंचाना सरकार और प्रशासन की प्राथमिकता है, इसलिए काम में किसी भी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
वन विभाग के साथ समन्वय स्थापित करने के दिए निर्देश
बैठक के दौरान सोशल ऑडिट रिपोर्ट पर भी विस्तार से चर्चा की गई। डीएम ने सोशल ऑडिट रिपोर्ट पर भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि पारदर्शिता और गुणवत्ता के साथ कार्यों का क्रियान्वयन किया जाना अनिवार्य है। वन क्षेत्र में पेयजल लाइनों से संबंधित लंबित प्रकरणों पर डीएम ने निर्देश दिए कि वन विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर ऐसे मामलों का प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र निस्तारण किया जाए, ताकि पेयजल योजनाओं के संचालन में कोई बाधा उत्पन्न न हो। डीएम ने स्पष्ट किया कि विभागों के बीच बेहतर तालमेल से ही योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन संभव है।
संभावित जल संकट वाले क्षेत्रों की पहचान कर की जाए कार्ययोजना तैयार
आगामी चारधाम यात्रा को दृष्टिगत रखते हुए जिलाधिकारी ने विशेष निर्देश दिए कि यात्रा मार्गों एवं प्रमुख पड़ाव स्थलों पर स्थित सभी शौचालयों में नियमित और पर्याप्त पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इसके अलावा यात्रा मार्ग पर कहीं भी पेयजल आपूर्ति बाधित न हो, इसके लिए पूर्व तैयारी और सतत मॉनिटरिंग करने को कहा गया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि संभावित जल संकट वाले क्षेत्रों की पहचान कर अग्रिम कार्ययोजना तैयार की जाए।