
राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) से शुक्रवार को लोक भवन में परिवीक्षाधीन पीसीएस अधिकारियों ने मुलाकात की। राज्यपाल ने इस अवसर पर सभी अधिकारियों का स्वागत करते हुए कहा कि प्रशासनिक सेवा केवल एक नौकरी नहीं, बल्कि जनता के प्रति जिम्मेदारी और सेवा का भाव है।
अधिकारियों को करना होगा संवेदनशीलता के साथ काम
राज्यपाल ने कहा कि उत्तराखंड की भौगोलिक परिस्थितियां विशिष्ट हैं, जहां दूरस्थ और कठिन इलाकों में सेवाएं पहुंचाना चुनौतीपूर्ण होता है। अधिकारियों को इन चुनौतियों को समझते हुए सकारात्मक सोच और संवेदनशीलता के साथ कार्य करना होगा।
आम लोगों की समस्याएं ध्यान से सुनने की दी सलाह
राज्यपाल ने प्रशिक्षु अधिकारियों को सलाह दी कि वे आम लोगों की समस्याएं ध्यान से सुनें और उनके समाधान के लिए गंभीर प्रयास करें। राज्यपाल ने कहा कि योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे, यह आपका मिशन और विजन होना चाहिए।
ई-गवर्नेंस और डिजिटल तकनीक के उपयोग पर दिया बल
राज्यपाल ने ई-गवर्नेंस और डिजिटल तकनीक के उपयोग पर भी बल दिया, जिससे सेवाएं सरल और समयबद्ध हो सकें और आमजन को दफ्तरों के चक्कर न लगाने पड़ें। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता, ईमानदारी और समयबद्धता अपनाना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने अधिकारियों को भ्रष्टाचार से दूर रहने का संकल्प लेने का आग्रह किया।
प्रशिक्षु अधिकारी को रहना होगा ईमानदार
राज्यपाल ने कहा कि जनता प्रशासन से सम्मान, संवेदनशीलता और न्याय की अपेक्षा रखती है। प्रशिक्षु अधिकारी हमेशा विनम्र, निष्पक्ष और ईमानदार रहें। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि प्रशिक्षु अधिकारी अपनी सकारात्मक सोच, कार्यनिष्ठा और सेवा भावना से उत्तराखंड को नई दिशा देंगे।