पिटकुल एमडी को हटाने की मांग, जन प्रहार ने मुख्य सचिव को सौंपा ज्ञापन

सामाजिक संगठन जन प्रहार के प्रतिनिधिमंडल ने 24 फरवरी को मुख्य सचिव उत्तराखंड शासन आनंद बर्धन से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने पावर ट्रांसमिशन कॉरपोरेशन ऑफ उत्तराखंड लिमिटेड पिटकुल के प्रबंध निदेशक प्रकाश चंद्र ध्यानी को तत्काल पद से हटाने और उनके कार्यकाल की CAG जांच कराने की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा है।
जन प्रहार ने मुख्य सचिव को सौंपा ज्ञापन
जन प्रहार के प्रतिनिधिमंडल ने यह मुलाकात हाईकोर्ट द्वारा 18 फरवरी को दिए गए आदेश के अनुपालन की मांग को लेकर की। संगठन का कहना है कि कोर्ट ने पिटकुल एमडी की नियुक्ति को अवैध ठहराते हुए निरस्त कर दिया है, इसके बावजूद संबंधित अधिकारी का पद पर बने रहना न्यायालय की भावना और प्रशासनिक मर्यादाओं के खिलाफ है। जन प्रहार की संयोजक सुजाता पॉल ने कहा कि कोर्ट के स्पष्ट आदेश के बाद भी यदि अधिकारी पद पर बने रहते हैं तो इससे शासन की जवाबदेही और पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं।
एमडी प्रकाश चंद्र ध्यानी को की पद से हटाने की मांग
सुजाता पॉल ने कहा ने कहा कि सरकार को बिना देरी के न्यायालय के आदेश का पालन करना चाहिए। संगठन ने ज्ञापन के माध्यम से मांग की कि प्रकाश चंद्र ध्यानी को तत्काल प्रभाव से पद से हटाया जाए, उनके कार्यकाल के दौरान लिए गए सभी वित्तीय और प्रशासनिक निर्णयों की स्वतंत्र जांच कराई जाए, यह जांच भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक से कराई जाए तथा जांच रिपोर्ट को सार्वजनिक किया जाए। प्रतिनिधिमंडल का कहना है कि यह मामला केवल नियुक्ति का नहीं है, बल्कि अवैध करार दी गई नियुक्ति के बावजूद पद पर बने रहकर कार्य करने से शासन व्यवस्था, नियमों के पालन और सार्वजनिक धन की सुरक्षा से जुड़े गंभीर प्रश्न उत्पन्न होते हैं।
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CS ने दिया उचित कार्रवाई का आश्वासन
मुख्य सचिव आनंद बर्धन ने प्रतिनिधिमंडल को उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस दौरान जन प्रहार ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो संगठन लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन करेगा, जिसकी समस्त जिम्मेदारी उत्तराखंड शासन की होगी।