
Ankita Bhandari Case: अंकिता भंडारी मामले में कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल(Subodh Uniyal) ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। जिसमें उन्होंने सरकार का पक्ष रखा। साथ ही कांग्रेस पर भी निशाना साधते नजर आए। सुबोध उनियाल ने कहा कि ये मामला काफी संवेदनशील और गंभीर है। इसी के चलते सरकार ने महिला आईपीएस अधिकारी के नेतृत्व में SIT का गठन किया गया।
अंकिता भंडारी मामले पर कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल की प्रेस कॉन्फ्रेंस Ankita Bhandari Case
कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने बताया कि इस मामले में उच्च न्यायालय ने भी माना कि SIT की जांच सही डायरेक्शन में जा रही है। यहीं वजह थी कि CBI जांच की मांग को खारिज किया गया। निचली अदालत में पूरे सबूतों के अधार पर तीनों आरोपियो को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई।
जांच से पीछे नहीं हटेगी सरकार
आगे मंत्री सुबोध उनियाल ने ये स्पष्ठ किया कि किसी भी व्यक्ति, दल और पार्टी के पास कोई भी सबूत या साक्ष्य है तो उसको लेकर आए, सरकार उनकी जांच कराने में पीछे नहीं हटेगी। साथ ही सबूत लेकर आए व्यक्ति को सरकार पूरी प्रोटेक्शन भी देगी।
वायरल ऑडियो क्लिप पर कही ये बात
आगे उन्होंने कहा कि उच्च न्यायालय ने भी यह माना है कि किसी भी VIP को बचाने का काम नहीं किया जा रहा है। हाल ही में वायरल हो रही ऑडियो क्लिपिंग को लेकर भी मंत्री ने कहा कि जिन लोगों के पास ये ऑडियो हैं, वो सामने आएं और साक्ष्य दें। सरकार उनकी भी जांच जरूर कराएगी।
तोड़े गए रिसॉर्ट पर सुबोध उनियाल नहीं दे पाए कोई जवाब
हालांकि प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मंत्री कई बार पत्रकारों के सवालों से बचते नजर आए। खास तौर पर घटना के दौरान तोड़े गए रिसॉर्ट को लेकर पूछे गए सवाल पर मंत्री कोई स्पष्ट जवाब नहीं दे सके।