
देहरादून : विधान सभा के शीतकालीन सत्र के तीसरे दिन की कार्यवाही शुरु हुई जिसमे तीसरे दिन सदन में नेताजी और गांधी जी को लेकर विपक्ष ने जमकर हंगामा किया. कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने प्रीतम सिंह और इंदिरा की तारीफ करते करते नेताजी और गांधी पर कटाक्ष कर गए. कैबिनेट मंत्री ने कहा कि इंदिरा और प्रीतम अच्छे हो सकते हैं लेकिन नेताजी और गांधी, प्रीतम और इंदिरा जैसे नहीं हो सकते.
वहीं महात्मा गांधी और नेताजी का नाम सदन में आने पर कांग्रेस आक्रोशित हुई और कांग्रेस ने सदन में जमकर हंगामा काटा. कांग्रेस के विरोध पर विधान सभा अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही से दोनों नाम हटाने के निर्देश दिये.
सुबोध उनियाल ने दी सफाई
जिसके बाद नेता उपसदन करण मेहरा ने कहा कि मैं विधानसभा अध्यक्ष का धन्यवाद अदा करता हूँ जो उन्होंने सदन की कार्यवाही से ये मामला हटाया. उन्होंने कहा कि कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल का बयान गलत है. वहीं सुबोध उनियाल ने मामले पर सफाई देते हुए कहा कि मैंने महात्मा गांधी और नेताजी पर कोई टिप्पणी नहीं की. नेताजी का मामला हरीश रावत और गांधी से आश्रय राहुल गांधी से था.