Big NewsUttarakhand

कुमाऊं के मंदिरों की यात्रा होगी सुगम, मानसखंड कॉरिडोर में बनेंगे 16 रोपवे

गढ़वाल के मंदिरों की तरह ही कुमाऊं के मंदिरों को विकसित करने के लिए सरकार ने मानसखंड मंदिर माला मिशन शुरू किया है। इस मिशन के तहत अब मानसखंड कॉरिडोर में 16 रोपवे बनाए जाएंगे। रोपवे बन जाने से कुमाऊं के मंदिरों की यात्रा और भी सुगम हो जाएगी।

मानसखंड कॉरिडोर में बनेंगे 16 रोपवे

केदारखंड की तहत ही अब मानसखंड के मंदिरों की यात्रा आसान होगी। मानसखंड के मंदिरों और धार्मिक स्थलों को विकसित करने के लिए की गई सरकार की पहल अब रंग ला रही है। मानसखंड मंदिर माला मिशन के तहत बन रहे मानसखंड कॉरिडोर के तहत अब 16 रोपवे बनाए जाएंगे। बता दें कि प्रदेश में पर्वतमाला प्रोजेक्ट के अंतर्गत 39 रोपवे प्रस्तावित हैं। जिसमें से 16 मानसखंड कॉरिडोर में बनने हैं।

केंद्रीय एजेंसी ने शुरू किया फिजिबिलिटी टेस्ट

मानसखंड कॉरिडोर में बनने वाले इन 16 रोपवे के प्रस्तावों पर केंद्रीय एजेंसी ने फिजिबिलिटी टेस्ट शुरू कर दिया है। बता दें कि चारधाम की तरह ही कुमाऊं क्षेत्र के मंदिर व धार्मिक स्थलों की यात्रा और इन स्थलों को विकसित करने का खाका सीएम धामी के निर्देश पर खींचा गया है।

मिशन के तहत इन मंदिरों को किया जाना है विकसित

  • अल्मोड़ा- जागेश्वर महादेव मंदिर, चितई गोलू मंदिर, सूर्यदेव मंदिर कटारमल, कसार देवी मंदिर, नंदा देवी मंदिर
  • चंपावत- पाताल रुद्रेश्वर, मां पूर्णागिरी मंदिर, मां बाराही देवी मंदिर, बालेश्वर मंदिर
  • पिथौरागढ़- पाताल भुवनेश्वर मंदिर, हाट कालिका मंदिर
  • नैनीताल- नैना देवी मंदिर, कैंचीधाम मंदिर
  • बागेश्वर- बागनाथ मंदिर, बैजनाथ मंदिर
  • ऊधमसिंह नगर- चैतीधाम मंदिर

Yogita Bisht

योगिता बिष्ट उत्तराखंड की युवा पत्रकार हैं और राजनीतिक और सामाजिक हलचलों पर पैनी नजर रखती हैंं। योगिता को डिजिटल मीडिया में कंटेंट क्रिएशन का खासा अनुभव है।
Back to top button