
देहरादून: विधान सभा के शीतकालीन सत्र के दौरान सदन में नेताजी और गांधी जी को लेकर जमकर हंगामा हुआ। कैबिनेट सुबोध उनियाल कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह और नेता प्रतिपक्ष इंदिरा हृदयेश की तारीफ करते-करते नेताजी और गांधी पर कटाक्ष कर गए। सुबोध उनियाल ने कहा कि प्रीतम सिंह और इंदिरा अच्छे हो सकते हैं, लेकिन नेता जी और गांधी जी प्रीतम और इंदिरा जैसे नहीं हो सकते।
गांधी और नेताजी का नाम आने पर कांग्रेस ने सदन में हंगामा काटा। कांग्रेस गांधी और नेताजी के नाम सदन में आने से आक्रोशित हो गई। कांग्रेस के विरोध पर विधानसभा अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही दोनों नाम हटाने के नर्देश दिए। उप नेता सदन करण मेहरा ने सदन की कार्रवाई से नाम हटाने को लेकर विधानसभा अध्यक्ष का धन्यवाद किया।
उन्होंने कहा कि कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल का बयान पूरी तरह गलत है। खुद को घिरता देख सुबोध उनियाल ने मामले पर सफाई दी। उन्होंने कहा कि मैंने महात्मा गांधी और नेताजी पर कोई टिप्पणी नहीं की थी। उन्होंने कहा कि नेताजी से उनका आशय हरीश रावत और गांधी से राहुल गांधी से था।