Big NewsNational

अनलॉक-4 की गाइडलाइन जारी, उत्तराखंड आने वालों के लिए ये होंगे नियम, रोकटोक हटी

Breaking uttarakhand newsदेहरादून : केंद्र द्वारा द्वारा शनिवार को जारी अनलॉक-4 की गाइडलाइन के तुरंत बाद ही उत्तराखंड आपदा प्रबंधन एंव पुनर्वास विभाग के प्रभारी सचिव एसए मुरुगेशन ने दो अलग-अलग आदेश जारी किए। पहले आदेश में साफ किया गया कि प्रदेश में आने वाले यात्रियों की संख्या को लेकर कोई रोकटोक नहीं होगी। आपको बता दें कि प्रदेश में कोरोना संक्रमण के मामलों को देखते हुए प्रति 2000 लोगों को ही आने की अऩुमति थी। इसके साथ ही जिलाधिकारियों को अतिरिक्त 50 पास जारी करने को कहा गया था।http://dsclservices.org.in/apply.php वेबसाइट पर पंजीकरण अनिवार्य  होगा। बॉर्डर चेक पोस्ट पर पंजीकरण दस्तावेज दिखाना ही होगा वरना प्रवेश नहीं करने दिया जाएगा। आरटी-पीसीआर टेस्ट भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद की अधिकृत लैब से ही कराना होगा। कोरोना लोड वाले शहरों से आने वालों को आरटीपीसीआर टेस्ट कराना होगा। इसी तरह से क्वारंटीन होने के पहले के नियम ही प्रभावी माने जाएंगे।

ये गाइडलाइंस

कोरोना महामारी के कारण करीब पांच महीने से बंद पड़ी मेट्रो सेवा आगामी 7 सितंबर से एक बार फिर पटरी पर दौड़ने लगेगी। मेट्रो का परिचालन चरणबद्ध तरीके से यानि सीमित यात्रियों के साथ चलाया जाएगा। उसकी सफलता के बाद आगे धीरे-धीरे यात्रियों की संख्या बढ़ाई जाएगी।दिल्ली मेट्रो में सबसे बड़ी चुनौती स्टेशनों पर भीड़ नहीं बढ़ने देने का है। इसके लिए भी कई बदलाव किया गया है। पहला कुल 671 मेट्रो स्टेशन के प्रवेश निकास में से महज 38 फीसदी यानि 257 प्रवेश व निकास गेट खुलेंगे। अगर मेट्रो को लगा कि स्टेशन पर भीड़ है तो तुरंत प्रवेश को भी रोका जा सकता है। इसके लिए स्पेशल ड्यूटी पर कर्मी भी स्टेशन पर तैनात किए गए है।

नजर आएंगे ये पांच बड़े बदलाव

प्रवेश गेट पर सुरक्षा के साथ थर्मल स्क्रीनिंग होगी।

प्रवेश व निकास के लिए सभी गेट खुले हुए नहीं मिलेंगे।

यात्रा का समय बढ़ जाएगा, स्टेशन पर ज्यादा देर रुकेगी ट्रेन।

लिफ्ट में एक समय में तीन लोग ही प्रयोग कर पाएंगे।

एयरकंडीशन के तापमान 24 से 30 के बीच में रहेगा।

यात्रियों को सफर के लिए रखना होगा ये ध्यान

हमेशा फेस मास्क लगाकर रखना अनिवार्य होगा।

दूसरे यात्रियों से 6 फीट की दूरी रखनी होगी।

अगर आप बीमार है तो आपको प्रवेश नहीं मिलेगा।

मेट्रो के अंदर दो यात्रियों के बीच एक सीट छोड़नी होगी।

मोबाइल में आरोग्य सेतू ऐप अनिवार्य होगा।

Back to top button