Almora NewsHighlight

मंदिर में अचानक हरा-भरा हुआ 15 सालों से सूखा पेड़, लोग मान रहे ग्वेल देवता का चमत्कार

अल्मोड़ा जिले के सोमेश्वर से ऐसी घटना सामने आई है जिसने सबको हैरान कर दिया है। अल्मोड़ा के सोमेश्वर में ग्वेल देवता के मंदिर में 15 साल से सूखा पड़ा पेड़ अचानक हरा-भरा हो गया। ये घटना आस-पास के लोगों में कौतूहल का विषय बनी हुई है। लोग इसे भगवान का चमत्कार मान रहे हैं।

15 सालों से सूखा पेड़ अचानक हुआ हरा-भरा

अल्मोड़ा के सोमेश्वर में 15 सालों से सूखा शहतूत का पेड़ एक बार फिर अचानक से हरा-भरा हो गया है। इस पेड़ के एक बार फिर हरा-भरा होना लोगों में कौतुहल का विषय बना हुआ है। ये घटना ग्वेल देवता के मंदिर में हुई है। जिसे लोग चमत्कार मान रहे हैं।

15 साल पहले सूख गया था पेड़

ग्वेल देवता के मंदिर में स्थित ये पेड़ 15 साल पहले ही सूख गया था। इसके हरा-भरा होने को क्षेत्रवासी ग्वेल देवता का चमत्‍कार मान रहे हैं। मिली जानकारी के मुताबिक मंदिर परिसर में स्थित ये पेड़ लगभग चार सौ साल पुराना है। 15 साल बाद अचानक हरा होने के बाद ये पेड़ दिन पर दिन हरा-भरा होता जा रहा है।

लोग इसे मान रहे ग्वेल देवता का चमत्कार

इस पेड़ के अचानक हरा होने को स्थानीय लोग ग्वेल देवता का चमत्कार मान रहे हैं। लोगों का कहना है कि ये ग्वेल देवता की ही कृपा है कि ये पेड़ इतने सालों बाद एक बार फिर हरा हो गया है।

लोगों का मानना है कि आज भी ग्वेल देवता मंदिर परिसर में विराजमान है। लोद गोलू देवता मंदिर की स्थापना चंद राजाओं ने कराई था। इसकी स्थापना 400 साल पहले की गई थी।

Yogita Bisht

योगिता बिष्ट उत्तराखंड की युवा पत्रकार हैं और राजनीतिक और सामाजिक हलचलों पर पैनी नजर रखती हैंं। योगिता को डिजिटल मीडिया में कंटेंट क्रिएशन का खासा अनुभव है।
Back to top button
उत्तराखंड की हर खबर
सबसे पहले पाने के लिए!
📱 WhatsApp ग्रुप से जुड़ें