Big NewsHaridwar

ऋषभ पंत के घर के सामने रेलवे ने लगाए पिलर, अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई, विधायक भड़के

rishabh pantभारतीय क्रिकेट टीम के खिलाड़ी ऋषभ पंत के रुड़की स्थित घर के सामने रेलवे के जरिए अपने पिलर लगाने जाने का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। अब इस मामले में खानपुर से निर्दलीय विधायक उमेश कुमार ने अब रेलवे पर खिलाड़ियों की इज्जत न करने का आरोप मढ़ दिया है। हालांकि लोगों की माने तो रेलवे ने कोई गलत काम नहीं किया है।

दरअसल रुड़की के ढंडेरा रेलवे स्टेशन के आसपास बड़े पैमाने पर लोगों ने रेलवे की जमीन पर अतिक्रमण कर रखा है। कई लोगों ने पक्के निर्माण भी कर लिए है। ऐसे में रेलवे ने अपनी भूमि के चिह्नीकरण का काम शुरु किया और अपने पिलर लगाने लगे। इसी के तहत रेलवे ने भारतीय क्रिकेट टीम के खिलाड़ी ऋषभ पंत के घर के सामने भी पिलर लगा दिए। इससे ऋषभ पंत के घर के दरवाजे के सामने भी एक पिलर लगा दिया गया है।

दरअसल ऋषभ पंत के घर में ही एक स्कूल भी चलता है। इस स्कूल और घर की बाउंड्री का गेट रेलवे की जमीन की ओर खुल रहा है। इस बाउंड्री से सटा कर काफी दूर तक रेलवे की भूमि तक पत्थरों को बिछाया गया है और इसका प्रयोग पार्किंग के लिए हो रहा है।

रेलवे ने अपनी इस भूमि को रिक्लेम कर दिया। रेलवे ने पत्थरों के बीच में भी अपने पिलर खड़े कर दिए। वहीं इस मसले पर राजनीति भी शुरु हो रही है। खानपुर से निर्दलीय विधायक उमेश कुमार ने ऋषभ पंत की मां से मुलाकात की और घर के गेट के सामने पिलर लगाए जाने पर नाराजगी जाहिर की है। उमेश कुमार ने इस संबंध में एक ट्वीट किया और लिखा, ‘ये है भारतीय क्रिकेट टीम के सदस्य @RishabhPant17 की माता जी। रेलवे ने इनके रुड़की स्थित आवास के सामने खंभे गाड़कर इनके घर के आने जाने के रास्ते को बंद कर दिया है । क्या यही सम्मान करते है अपने खिलाड़ियों का ?’

उमेश कुमार ने इस ट्वीट में पीएम मोदी समेत रेलवे को भी टैग कर रखा है।

rishabh pant

हालांकि आम लोग इस ट्वीट पर उमेश कुमार को ही आईना दिखा रहें हैं। कुछ यूजर्स ने बताया कि रेलवे ने अतिक्रमण की हुई अपनी जमीन को वापस लिया है। इसके साथ ही कई लोगों ने कहा है कि पिलर लगाने का काम यूं ही नहीं हुआ होगा। दस्तावेजों के आधार पर हुआ होगा। अगर कुछ गलत हुई तो कानूनी ढंग से विरोध किया जा सकता है।

आपको बता दें कि ऋषभ पंत को हाल ही में उत्तराखंड सरकार ने अपना ब्रांड एंबेसडर भी नियुक्त किया है।

Back to top button