
देहरादून: पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत यानि हरदा ने मौका मिलते ही एक बार फिर महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी पर जुबानी हमला बोला है। हरदा ने भगत दा को लोकतंत्री का हत्यारा करा दे दिया। हरदा ने कहा है कि भाजपा अपने घर में बैठे भ्रष्टाचारियों को तो बचा रही है और मुकदमा मुझ पर चलाना चाहती है। पूर्व सीएम हरीश रावत और भगत सिंह कोश्यारी एक-दूसरे पर जुबानी हमला बोलने का कोई मौका नहीं छोड़ते। उनके बीच जुबानी जंग चरम पर रहती है। लेकिन इस बार ऐसा लगता है कि हरीश रावत भगत सिंह कोश्यारी पर जुबानी हमले करने में भारी पड़ जाएंगे। उसका कारण ये है कि भगत दा राज्यपाल जैसे संवैधानिक पद पर हैं। ऐसे में वो बयानबाजी नहीं करेंगे।
हरीश रावत ने आरोप लगाया कि जब खुद ही महामहिम राज्यपाल ने सरकार बनाने के लिए राजनैतिक दलों को शाम साढ़े 8 बजे तक का वक्त दिया था, फिर अचानक ऐसा क्या हुआ कि उन्होंने राष्ट्रपति शासन लगाने की सिफारिश कर डाली। उन्होंने कहा कि ऐसा करके राज्यपाल कोश्यारी ने ना सिर्फ लोकतंत्र का मखौल उड़ाया है, बल्कि लोकतंत्र की हत्या भी की है। महाराष्ट्र में राष्ट्रपति शासन लागू करने को दुर्भाग्यपूर्ण बताया।
हरदा खुद दर्ज सीबीआई के मुकदमें को लेकर भी बोले। उन्होंने कहा जिन विधायकों की खरीद-फरोख्त का मुकदमा उन पर चलाया जा रहा है। असल में वह भाजपा पर चलाया जाना चाहिए, क्योंकि खरीद-फरोख्त और डकैती का माल तो विधायकों के रूप मंे भाजपा के पास है। असल मे वह विधायक कांग्रेस के घर से चोरी हुए थे और बरामद भाजपा के घर से हुए हैं, लेकिन मोदी राज में जिसके घर चोरी हुई। उसी पर उल्टा मुकदमा दर्ज हो रहा है, जो पहले से प्रायोजित था।