
हल्द्वानी के बनभूलपुरा क्षेत्र में आठ जनवरी को हुई हिंसा के दिन घायल होने वाले राजेश की मौत मामले में बड़ा खुलासा किया है। पुलिस ने बताया कि राजेश की मौत उपद्रवियों के पथराव में नहीं बल्कि अज्ञात वाहन के टकराव के चलते हुए थी। वाहन से टकराने के बाद राजेश के सिर पर गहरी चोट आई थी।
अज्ञात वाहन की टक्कर में हुई थी राजेश की मौत
मिली जानकारी के अनुसार कोतवाल उमेश कुमार मलिक ने बताया कि राजेश के सिर में पीछे की तरफ चोट थी। किसी अज्ञात वाहन से उसकी टक्कर हो गई थी। बता दें राजेश मूल रूप से उत्तर प्रदेश का रहने वाला था । हाल फिलहाल राजेश हल्द्वानी के राजपुरा के वार्ड नंबर चार स्थित टनकपुर रोड पर क्वार्टर नंबर 16 में अपनी मौसी कल्लो देवी के घर रह रहा था।
वन निगम कर्मचारी को घायल अवस्था में मिला था युवक
पुलिस द्वारा दी जानकारी के मुताबिक राजेश ठंडी सड़क स्थित एक चिकन शॉप पर काम करता था। हिंसा के अगले दिन नौ फरवरी को वन निगम के एक कर्मचारी ने राजेश को ठंडी सड़क पर घायल अवस्था में पड़ा हुआ देखा था। जिसके बाद उसने घटना की सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने घायल राजेश को इलाज के लिए सुशीला तिवारी अस्पताल में भर्ती कराया था।
इलाज के दौरान तोड़ा युवक ने दम
हादसे के तीन दिन बाद राजेश के एक रिश्तेदार तक राजेश के घायल होने की खबर पहुंची थी। जिसके बाद 12 फरवरी को राजेश के परिजन उससे मिलने के लिए अस्पताल पहुंचे थे। 16 फरवरी की देर रात राजेश ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया था। 17 फरवरी को मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में मृतक का पोस्टमार्टम कराया गया था। पीएम रिपोर्ट में ही मृतक की मौत की असल वजह सामने आई थी।