उत्तराखंड में फर्जी निजी अस्पतालों का बोलबाला, स्वास्थ्य विभाग ने कसा शिकंजा

जिला उधम सिंह नगर में फर्जी निजी चिकित्सालयों का बोलबाला है। वहीं लगातार स्वास्थ्य विभाग प्रसाशन द्वरा इन निजी हॉस्पिटलों पर कार्यवाही की जा रही है लेकिन कार्यवाही के बाद भी कुछ निजी चिकित्सालय बेधड़क होकर अपने कारोबार में व्यस्त है। एक ऐसा ही मामला सामने आया जसपुर के लाइफ लाइन हॉस्पिटल का, जंहा कुछ दिन पूर्व एक गर्भबति महिला की मौत हो गई जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम न हॉस्पिटल पर छापा मारा जिसमे काफी खामिया पाई गई, न ही कोई डॉ ही अस्पताल में था और न ही पूर्ण दस्तावेज लेकिन इस पूरे मामले को। तीन दिन बीत जाने के बाद भी अभी तक स्वास्थ्य विभाग की तरफ से कोई कार्यवाही नहीं की गई आखिर स्वस्थ्य विभाग ने चुप्पी क्यों सधी हुई है शायद स्वास्थ्य विभाग को फिर किसी बड़े हादसे का इंतजार है।

हॉस्पिटल में कोई लिफ्ट या ना ही कोई रैम्प की व्यवस्था है जिससे मरीज स्टेचर की मदद से ऊपर ले जाया जा सके। अगर कोई गर्भवति महिला इस अस्पताल में डिलीवरी के लिए आएगी तो उसे खुद जीना चढ़कर ही ऊपर जाना होगा जिससे मरीज की स्तिथि ओर खराब हो सकती है।

वही जसपुर चिकित्साधिकारी हितेश शर्मा का कहना है कि अस्पताल का रजिस्ट्रेशन तो है मगर विभाग में पुर्ण दस्तावेज जमा करने के लिए तीन दिन का समय दिया गया था लेकिन कागज उपलब्ध नही कराए गए जिसके लिए लाइफ लाइन हॉस्पिटल को नोटिस जारी कर दिया है ओर नियमानुसार कार्यवाही की जा रही है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here