सिर्फ 500 रुपये की पेंशन, 90 साल की बुजुर्ग को तपती धूप में कंधे पर लादकर नंगे पैर बैंक पहुंची बहू

छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले से मानवता को शर्मसार कर देने वाली घटना सामने आ रही है। वायरल तस्वीर को देखकर आपकी भी आंखे नम हो जाएंगी। जो आपको जमीनी हकीकत और दावों के बीच कितना फासला है वो भी बताएगी।
दरअसल मैनपाट के जंगलपारा की रहने वाली महिला सुखमनिया अपनी 90 साल की बुजुर्ग सास को कंध पर लादकर चलती नजर आ रही है। इतनी तपती गर्मी में कई किलोमीटर वो पैदल चलने पर मजबूर है। सिर्फ इसलिए क्योंकि बुजुर्ग सास की 500 रुपए महीने की पेंशन रुकी है।
90 साल की बुजुर्ग को तपती धूप में कंधे पर लादकर नंगे पैर बैंक पहुंची बहू
इस बेबसी को रास्ते से जा रहे एक व्यक्ति ने अपने कैमरे में कैद कर लिया। तब जाकर इसे पूरे वाक्य का खुलासा हुआ। सुखमनिया ने बताया कि पहले ‘बैंक मित्र’ उनके घर आकर पेंशन दे देते थे। लेकिन बीते चार महीनों से उन्हें पैसे नहीं मिले है। वजह ये थी कि क के कागजों में बुजुर्ग महिला की केवाईसी फॉर्मेलिटी नहीं हो रखी थी। ऐसे में बैंक ने डिजिटल वाले नियम परिवार पर थोप दिए।
वीडियो वायरल के बाद जागा प्रशासन
इस वीडियो के वायरल होने के बाद सिस्टम हरकत में आया। जिसके बाद माना गया कि दस्तावेजों के चलते बुजुर्ग की पेंशन रोकी गई थी। आखिरी बार जनवरी में बुजुर्ग की पेंशन पहुंचाई गई थी।
बैंक ने तुरंत दिए 2000 रुपए
सुखमनिया अपनी सास को पीठ पर लादकर सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की मैनपाट शाखा गई। आनन-फानन में वहां कार्रवाई पूरी की गई। तुरंत ही इसके बाद बैंक ने चार महीनों की पेंशन यानी 2000 हजार रुपए जारी किए।