हरक बोले : नहीं हुआ कोई भ्रष्टाचार, जो काम नहीं करेगा उस पर उंगली भी नहीं उठेगी

देहरादून : उत्तराखंड में कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत को श्रम बोर्ड के अध्यक्ष पद से हटाने के बाद स्पेशल ऑडिट और करोड़ों के कथित भ्रष्टाचार के आरोपों पर श्रम मंत्री हरक सिंह रावत ने बेबाक़ी से मीडिया के सामने अपनी बात रखी है. राज्य स्थापना दिवस के मौके पर प्रभारी जनपद अल्मोड़ा पहुँचे हरक सिंह रावत ने उन पर उठ रहे सवालों का दो टूक जवाब दिया है. हरक सिंह रावत ने कहा कि जो काम नहीं करता है, उस पर उंगलियां भी नहीं उठती हैं.

हरक सिंह रावत ने कहा कि उनके कार्यकाल में भवन एवं सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड (श्रम बोर्ड) का अध्यक्ष रहते हुए किसी तरीके का कोई भ्रष्टाचार नहीं हुआ है. हरक सिंह रावत ने यह भी कहा कि पिछली सरकारों में भी वह मंत्री रहे लेकिन श्रम बोर्ड का कोई नाम नहीं जानता था, यहाँ तक कि वे खुद नहीं जानते थे, लेकिन जब 3 साल पहले श्रम मंत्री के रूप में उन्होंने श्रम बोर्ड की जिम्मेदारी ली तो मजदूरों के हितों में अनेकों काम के द्वारा किए गए.

आपको बता दें कि हाल ही में भवन एवं सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष पद से कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत को हटाया गया था. इसके फौरन बाद मंत्री हरक सिंह की करीबी बोर्ड में सचिव दमयंती रावत को भी हटा दिया गया. अब नव निर्वाचित बोर्ड ने पूर्ववर्ती कार्यकाल के स्पेशल ऑडिट की संस्तुति भी दे दी है. इसके अलावा मंत्री हरक सिंह रावत के कार्यकाल में तैनात 38 कर्मचारियों को भी बोर्ड से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया है. खास बात यह है कि मंत्री के विधानसभा में बनाए गए कैंप कार्यालय को भी बंद करने का फैसला लिया गया है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here