हजारों टन सरकारी राशन की हिफाजत दो बाल्टी रेत के भरोसे

चंपावत- कहते हैं बुरा वक्त कभी कह कर नहीं आता बावजूद इसके सरकारी महकमें बेफिक्र रहते हैं। हो सकता है या तो अधिकारियों को अपनी काबिलयत पर भंरोसा हो, या मुमकिन है कि सरकार विभागों की जरूरतों को हल्के में लेती हो।
वजह चाहे जो भी हो लेकिन हकीकत यही है कि टनकपुर में मौजूद भारतीय खाद्य निगम के गोदाम में पिछले दस सालों से अग्निशमक यंत्र नहीं लगाए गए हैं। मीडिया रिपोर्ट्स की माने तो यहां आग के बचाव के लिए कोई आधुनिक इंतजाम नहीं हैं।
हजारो टन खाद्यान संभाल इस गोदाम को आग से बचाने की जिम्मेदारी  दो टूटी-फूटी रेत से भरी बाल्टियों के हवाले है। जबकि इस गोदाम से पहाड़ी और  मैदानी इलाके में जाने के लिए हजारों टन सरकारी राशन का स्टॉक रहता है।
हालांकि तंज कसने वालों का कहना है कि जब दस साल में कोई हादसा नहीं हुआ तो आने वाले वक्त में भी नहीं होगा। बहरहाल कहावत है कि सावधानी में समझदारी है और जानकारी ही बचाव है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here